दिल्ली हाईकोर्ट का यह फैसला उन सभी विधवा महिलाओं के लिए संदेश है कि वे अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ सकती हैं। अब वे जानती हैं कि अगर पति और बच्चों से सहारा नहीं है, तो ससुर की पैतृक संपत्ति उनका सहारा बन सकती है।
विधवाओं की ताकत: हाईकोर्ट का फैसला देगा नया हौसला!

